विजिलेंस ने १८ कर्मचारी रिश्वत लेते दबोचे

विजिलेंस ब्यूरो पंजाब
विजिलेंस ने १८ कर्मचारी रिश्वत लेते दबोचे
५ दोषी कर्मचारियों को अदालत द्वारा सज़ा और जुर्माने
भ्रष्टाचार केसों की जांच के लिए ४ विजिलेंस जांच दर्ज

चंडीगड़, १२ अक्तूबर- पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने भ्रष्टाचार विरुद्ध शुरु किये अभियान के अंतर्गत सितम्बर महीने दौरान कुल १७ छापे मारते हुये१८ सरकारी कर्मचारियों को विभिंन केसों में रिश्वत लेते रंगे हाथों काबू किया जिनमें में राजस्व विभाग के ५ कर्मचारी, पुलिस विभाग के ७ और दूसरे विभिंन विभागों के ६ कर्मचारी शामिल हैं।

 विजिलेंस ब्यूरो के सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि गत माह दौरान ब्यूरो द्वारा भ्रष्टाचार संबंधी केसों के १२ चालान विभिंन विशेष अदालतों में पेश किये गए। इसी माह सरकारी कर्मचारियों खि़लाफ़ भ्रष्टाचार के मामलों में ओैर गहराई के साथ जांच करने के लिए ४ विजिलेंस जांच भी दर्ज की गई। इसके अतिरिक्त ५ फ़ौजदारी केस भी जांच उपरांत दजऱ् किये गए।  
   उन्होंने बताया कि इसी दौरान चार मुकदमों में विभिंन अदालतों द्वारा पाँच दोषियों को सज़ाएं और जुर्माने सुनाए गए जिनमें आयुर्वैदिक कालेज और अस्पताल, होशियारपुर में तैनात दीपक कुमार, क्लर्क को अपर सैशन जज होशियारपुर की अदालत द्वारा २ साल की कैद और ५,००० रुपए का जुर्माने की सज़ा और बी.डी.पी.यो कार्यालय बुढलाडा, मानसा में तैनात सहायक इंजीनियर पवन कुमार को अपर सैशन जज मानसा की अदालत द्वारा ४ साल की कैद समेत ५०,००० रुपए का जुर्माना भरने की सज़ा सुनाई गई।
इसी तरह सब -डिविजऩ बंडाला जि़ला अमृतसर में तैनात लाईनमैन दलजीत सिंह और जूनियर इंजीनियर गुरनाम सिंह को अपर सैशन जज अमृतसर की अदालत द्वारा ४ साल की कैद और ५ हज़ार रुपए का जुर्माने की सज़ा सुनाई गई। कल्याण विभाग पंजाब, चंडीगढ़ में तैनात संयुक्त सचिव तेज कुमार गोयल पी.सी.एस. को अपर सैशन जज एस.ए.एस नगर की अदालत द्वारा ३ साल की कैद और १२,००० रुपए का जुर्माने की सज़ा सुनाई गई।
-------------

संशोधित किया गया : 10/12/2017 - 16:23
back-to-top