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सूचना प्रौद्यौगिकी के द्वारा रचनात्मक बदलाव के मार्ग पर शिक्षा विभाग

सूचना प्रौद्यौगिकी के द्वारा रचनात्मक बदलाव के मार्ग पर शिक्षा विभाग
ई -पंजाब स्कूल, ई ऑफिस और अन्य मोबाईल एप्लीकेशन्ज़ शुरू
चंडीगढ़, 4 जुलाई
    पंजाब सरकार ने स्कूली शिक्षा ढांचों का रूप बदलने और शिक्षा का स्तर समय के अनुसार बनाने के लिए अब सूचना प्रौद्यौगिकी का सहारा लिया है। इसके अंतर्गत स्कूली शिक्षा ढांचों में ई -गवर्नेंस के अधीन आती कई पहलकदमियां की गई हैं। ऑनलाईन स्कूल मैनेजमेंट के अंतर्गत ई -पंजाब स्कूल, ई -ऑफिस, ग्रीविऐंसिस रीड्रैसल सिस्टम (शिकायत निवारण प्रणाली), बायोमैट्रिक हाजिऱी प्रणाली, विद्यार्थी का आधार कार्ड मुहैया करना, स्कूल की जिआईएस मैपिंग, विभिन्न वैबसाईटों को एकीकृत करना, मोबाईल एप्लीकेशन्ज़ और विभिन्न सॉफ्टवेयर तैयार करवाए जा रहे हैं।
    शिक्षा मंत्री श्री ओम प्रकाश सोनी ने बताया कि सभी सरकारी स्कूलों में ऑनलाईन प्रणाली ‘ई-पंजाब स्कूल’ लागू की गई है, जिसके अंतर्गत स्कूल स्टाफ, विद्यार्थियों और स्कूल के बुनियादी ढांचों संबंधी जानकारी ऑनलाईन मुहैया की जाती है और इसको बाकायदा स्कूलों द्वारा अपडेट किया जाता है। डायरी/डाक और फाइलों की गतिविधियों पर नजऱ रखने के लिए ई -आफिस नाम का ऑनलाईन प्रणाली अपनाई गई है, जिसके अधीन सभी मुख्य कार्यालयों और सभी फील्ड कार्यालयों को लिया गया है।
    इसके अलावा ऑनलाईन शिकायत निवारण प्रणाली अपनाई गई है और इसको विभागीय वैबसाईट के साथ जोड़ा गया है। प्रत्येक स्टाफ मैंबर अपनी शिकायत ऑनलाईन कर सकता है, जो अगली कार्यवाही के लिए अपने आप सम्बन्धित ब्रांच को चली जाती है। स्कूलों में हाजिऱी यकीनी बनाने के लिए मोबाईल आधारित बायोमैट्रिक हाजिऱी प्रणाली विकसित की गई है। सरकारी स्कूलों के 99 प्रतिशत विद्यार्थियों के आधार कार्ड नंबर बनवाऐ गए हैं और इनको विभिन्न छात्रवृति और अन्य रियायती स्कीमों के साथ जोड़ा गया है।
    श्री सोनी ने आगे बताया कि स्कूली संपत्तियों का सही रिकार्ड तैयार करने के उद्देश्य से सभी सरकारी स्कूलों की जीआईएस मैपिंग करवाई गई है। इससे एक स्कूल से दूसरे स्कूल के बीच की दूरी का पता ऑनलाईन चल जाता है। स्कूल शिक्षा विभाग ने कई मोबाइल ऐप्लीकेशनें भी तैयार करवाई हैं, जिनमें स्कूल लॉगइन, स्टाफ लॉगइन, माई ऑफिस और मिड-डे मील स्कीम की निगरानी के लिए एम.डी.एम. मोनिटरिंग व्यवस्था शुरू की गई है।
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